बलौदाबाजार जिले के लोगों के लिए एक अच्छी खबर है। अब आपको वीकेंड पर घूमने के लिए कहीं दूर जाने की जरूरत नहीं है, क्योंकि वनमंडल बलौदाबाजार के अंतर्गत आने वाले ईको-पर्यटन ग्राम धमनी में अब नौकाविहार की सुविधा शुरू कर दी गई है। महानदी के शांत तट पर शुरू हुई यह पहल न केवल पर्यटकों का दिल जीतेगी, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए कमाई का नया जरिया भी बनेगी।

महानदी के तट पर अब बढ़ेगा पर्यटन का क्रेज
हैरानी की बात यह है कि बलौदाबाजार का धमनी गांव अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए पहले से ही जाना जाता है, लेकिन अब इसे एक प्रॉपर ईको-टूरिज्म स्पॉट के रूप में तैयार किया जा रहा है। वनमण्डलाधिकारी गणवीर धम्मशील ने बताया कि राज्य सरकार की मंशा है कि हम अपनी प्राकृतिक धरोहरों को बचाते हुए पर्यटन को बढ़ावा दें। धमनी को एक मॉडल ईको-विलेज बनाने का सपना अब धीरे-धीरे हकीकत में बदल रहा है।
क्या खास है धमनी के इस नए टूरिज्म प्लान में?
बता दें कि महानदी के किनारे का यह इलाका बेहद शांत है और यहां की हरियाली किसी का भी मन मोह लेगी। अब पर्यटक यहाँ आकर न केवल नौकाविहार का आनंद ले सकेंगे, बल्कि जल्द ही यहां रुकने के लिए बेहतर व्यवस्थाएं भी की जाएंगी। वन विभाग का मानना है कि इससे न केवल पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि आसपास के गांवों के युवाओं को गाइड के काम, नाव संचालन और अपने स्थानीय हस्तशिल्प बेचने के बेहतरीन मौके मिलेंगे।
इस मौके पर बलौदाबाजार के परिक्षेत्र अधिकारी प्रखर नायक सहित वन विभाग की पूरी टीम और गांव के लोग मौजूद थे। सभी का मानना है कि धमनी का यह बदलाव आने वाले समय में बलौदाबाजार को पर्यटन के नक्शे पर एक नई पहचान दिलाएगा। अब देखना यह है कि प्रशासन आने वाले महीनों में इसे कितना और विस्तार देता है।