Skip to main content

Trips N Trippers

Trips N Trippers / Travel News  / एफिल टॉवर – दुनिया के सात अजूबों में से एक
Eiffel-Tower
24 Jul

एफिल टॉवर – दुनिया के सात अजूबों में से एक

एफिल टॉवर फ्रांस की राजधानी पेरिस में स्थित एक लौह टॉवर है। इसका निर्माण 1887-1889 में पेरिस में हुआ था। यह टावर विश्व में उल्लेखनीय निर्माणों में से एक और फ्रांस की संस्कृति का प्रतीक है। फ्रांस की शान पेरिस में स्थित एफिल टॉवर पर्यटकों को आकर्षित करने वाली ये इमारत विश्व के सात अजूबों में शामिल है। बता दें, इस इमारत का निर्माण 1889 में फ्रांस में आयोजित हुए विश्व मेले के एंट्री गेट के रूप में किया था। बाद में इस टावर को तोडऩे की भी प्लानिंग की गई, लेकिन इसकी खूबसूरती और सुंदरता की वजह से इसे नहीं तोड़ा गया। आज ये इमारत लोगों के लिए बेहद रोमांटिक बन गई है।

एफिल टॉवर - दुनिया के सात अजूबों में से एक

रात में नहीं ले सकते तस्वीरें…जानिए और भी रोचक बातें…

पिछले कई सालों से हर साल तकऱीबन 65 लाख से 70 लाख प्रवासी एफिल टावर की सैर करने आते हैं। सबसे ज़्यादा 2007 में 69.60 लाख लोगों ने टॉवर में प्रवेश किया था। 1960 के दशक से जब से ‘मास टूरिज़्म का विकास हुआ है तब से पर्यटकों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। 2009 में हुए सर्वे के अनुसार उस साल जितने पर्यटक आए थे, उनमें से 75 प्र. विदेशी थे। इनमे से 43 प्र. पश्चिम यूरोप से ओर 2 प्र. एशिया से थे।
एफिल टावर को बनने में 2 साल 2 महीने और 5 दिन लगा था।

आपको जानकर शायद हैरानी हो एफिल टावर का कुछ प्रतिशत हिस्सा सर्दियों में सिकुड़ जाता है। कहते हैं 6 इंच तक ये हिस्सा सिकुड़ जाता है। एफिल टावर की ऊंचाई लगभग 300 मीटर है।  जानकर हैरानी होगी एफिल टावर की अवधि केवल 20 साल के लिए ही थी। इसका मतलब 20 साल का वक्त पूरा होने के बाद इसे तोड़ दिया जाता। लेकिन 20 साल बाद एफिल टावर के किए गए तकनीकी टेस्ट में इसकी क्वालिटी और मजबूती को सही पाया गया और आजतक इसकी अनेकों परीक्षाओं में किसी भी तरह की हानि भी नहीं मिली है। यही वजह है आज भी एफिल टावर पेरिस की शान मजबूती से खड़ा है।

तस्वीरें नहीं खींच सकते ?
जानकार हैरानी होगी एफिल टावर की कोई भी रात में फोटो नहीं ले सकता। पेरिस में इस चीज को गैरकानूनी माना जाता है। एफिल टावर के टॉप पर जाने के लिए 1665 सीढिय़ां चढऩी पड़ती हैं, वहीं इस इमारत को आप 90 किमी दूर से भी देख सकते हैं